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Month: January 2026

  • January 2, 2026

    अथ त्रिविधदुःखात्यन्तनिवृत्तिरत्यन्तपुरुषार्थः।


    यह संस्कृत वाक्य सांख्य दर्शन (Sāṅkhya) के आरंभिक सिद्धान्त से जुड़ा हुआ है। यह सांख्य दर्शन का सर्व प्रथम सूत्र है, शब्दार्थ अर्थ “अब, तीनों प्रकार के दुःखों […]

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  • January 2, 2026

    धर्मं, अर्थ और काम की प्राप्ति बिना परम पुरुषार्थ (मोक्ष) की प्राप्ति क्यों संभव नहीं है?


    मनुष्य का जीवन केवल जन्म और मृत्यु के बीच की एक यांत्रिक यात्रा नहीं है। यह प्रश्नों, आकांक्षाओं, संघर्षों और अंततः शान्ति की खोज से भरा हुआ एक […]

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The four purusarthas are Dharma (righteousness, moral values), Artha (prosperity, economic values), Kaama (pleasure, love, psychological values) and Moksha (liberation, spiritual values, self-actualization).

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